काशी दीप विजन राष्ट्रीय हिंदी समाचार पत्र
मुझे ऐसा लगता है इस देश के आजादी करवाने में इस देश के आदिवासियों का अहम भूमिका रहा है* *क्यों की यह मैं देखता हूं फेसबुक के माध्यम में हर दो दिनों में किसी न किसी आदिवासी क्रांतिकारी* *का शहादत दिवस या बलिदान दिवस का पोस्ट आते रहता है।
आज जिन आदिवासियों ने इस देश की आजादी में अपना प्राण न्योछावर कर अपना बलिदान दिया आज वो महा क्रांतिकारियों को किसी सरकार के तरफ से कोई* *कार्यकर्म* *करा कर श्रद्धा सुमन* *अर्पित नही करवाते है।मातृभूमि की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर करने वाले, आदिवासी अस्मिता के प्रतीक, महान स्वतंत्रता सेनानी बाबा तिलका मांझी* *जी की जयंती पर* *उन्हें सादर नमन। उन्होंने आदिवासी समाज को संगठित कर अंग्रेजी हुकूमत के अत्याचारों के विरुद्ध* *आवाज बुलंद की और अन्याय के खिलाफ संघर्ष का बिगुल फूंका।* उनके त्याग और बलिदान को राष्ट्र सदैव कृतज्ञता के साथ स्मरण करता रहेगा।