सलीम मंसूरी की रिपोर्ट
जमानियां। कस्बा बाजार स्थित मदर टेरेसा हॉस्पिटल डॉ गजानंद सिंह के मकान से सटा हुआ। जर्जर बिजली पोल जान-माल के लिए गंभीर खतरा हुआ हैं। जो कभी भी गिर सकता हैं। या करंट फैला सकते हैं। ऐसे जर्जर बिजली पोल के गिरने से न केवल बिजली गुल होती है। बल्कि बच्चों, राहगीरों सहित स्थानीय लोगों को काफी नुकसान हो सकता है। कई बार विद्युत उपभोक्ताओं द्वारा पोल बदलने के लिए शिकायत किया गया। लेकिन बिजली विभाग के जिम्मेदार अधिकारी मूक दर्शक बने हुए है। मंगलवार को आशीष कुमार, शशिकांत बर्नवाल, हेमंत कुमार, टाउन, आदि सहित बिजली उपभोक्ताओं ने जर्जर विद्युत पोल जल्द से जल्द बदला जाए। इसी को लेकर विरोध जताया। उपभोक्ताओं का कहना रहा कि कई बार विभाग के अधिकारियों से मिलकर शिकायत किया गया। यहां तक कि न्यूज पेपर वाले जर्जर बिजली पोल के बार में खबर भी प्रकाशित कराया। लेकिन विभाग के अधिकारियों के कानों तक चू तक नहीं रेंगा। जिसके चलते स्थानीय लोगों के साथ खरीदारी के लिए बाजार आने वालों के लिए खतरा का हमेशा डर सता रहा है।
जर्जर बिजली पोल जड़ से सड़कर एक तरफ छुक चुका है। ऐसे में बंदरों की धमा चौकड़ी, कुदफान मचाने से कभी भी जर्जर बिजली पोल गिर सकता है। और जबरदस्त घटना हो सकती है। लेकिन विभाग के जिम्मेदारों के आगे शिकायत करना बेमतलब साबित होने लगी है। जर्जर बिजली खंभे के पास से न गुजरना और बच्चों का खड़ा रहना जोखिम से कम नहीं है। उन्होंने बताया कि विभाग के अधिकारियों से शिकायत देकर नया खंभा लगवाने की मांग किया गया। लेकिन अधिकारी पोल बदलने की सिर्फ आश्वासन देते रहे। परन्तु अभी तक जर्जर बिजली पोल बदला नहीं गया। केबिल के सहारे झुका हुआ खंभा रुका है। हुआ है। आशीष कुमार, शशिकांत बर्नवाल आदि बिजली उपभोक्ताओं ने जर्जर बिजली पोल को तत्काल बदलने के लिए एक गंभीर स्थिति बनी हुई है।