गुफरान अहमद की रिपोर्ट
मिर्जापुर:विंध्याचल स्थित पावन मां विंध्यवासिनी धाम में उस समय भक्तिमय वातावरण बन गया, जब प्रसिद्ध कथावाचक राजन जी महाराज ने दरबार में पहुंचकर मां के चरणों में श्रद्धा अर्पित की। उनके आगमन से मंदिर परिसर में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी और जयकारों से पूरा क्षेत्र गुंजायमान हो उठा।राजन जी महाराज ने विधिवत पूजन-अर्चन करते हुए मां की आरती उतारी तथा दीप प्रज्वलित किया। उन्होंने सफेद वस्त्र धारण कर लाल पुष्पों की माला और रुद्राक्ष पहनकर भक्ति का संदेश दिया। इस दौरान भजन-कीर्तन का आयोजन भी हुआ, जिसमें उपस्थित श्रद्धालु भाव-विभोर हो गए।मंदिर के अर्चक एवं गुरुकुल श्रवण वेद पाठशाला के प्रबंधक आचार्य अगस्त्य द्विवेदी ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पूजा संपन्न कराई और बटुकों द्वारा वेद-पाठ कराया गया।कथा वाचन के दौरान राजन जी महाराज ने भक्तों को आध्यात्मिक संदेश देते हुए धर्म, भक्ति और सदाचार का महत्व बताया। उन्होंने कहा कि मां विंध्यवासिनी की कृपा से ही जीवन में शांति और सुख की प्राप्ति संभव है
गौरतलब है कि राजन जी महाराज अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रसिद्ध कथावाचक हैं, जो श्रीराम कथा और भजनों के लिए विशेष रूप से जाने जाते हैं।