Follow us on

एम्बिशन हॉस्पिटल में महिला की मौत का मामला गरमाया, मेडिकल बोर्ड करेगी जांच

Share this post:

वाराणसी विजय कुमार की रिपोर्ट । मकबूल आलम रोड (खजूरी) स्थित एम्बिशन हॉस्पिटल में इलाज के दौरान रामनगर निवासी बानो बेगम के मौत के मामले में उनकी बेटी व महिला पत्रकार महविश कुरैशी ने बुधवार को मुख्य चिकित्साधिकारी कार्यालय पहुंचकर लिखित शिकायत की। महविश ने सीएमओ से बताया कि अस्पताल में उनकी मां के इलाज के दौरान लापरवाही की गई, बाद में अस्पताल के डाक्टर ने शव भी रोके रखा। इस मामले में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एनके सिंह ने आश्वासन दिया कि मामले की औपचारिकताएं पूरी करने के बाद मेडिकल बोर्ड गठित कर प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि जांच में यदि इलाज में लापरवाही सामने आती है तो संबंधित अस्पताल और चिकित्सक के खिलाफ नियमानुसार दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। परिजनों के मुताबिक शनिवार को डॉ. राशिद परवेज द्वारा संचालित एम्बिशन हॉस्पिटल में बानो बेगम का इलाज चल रहा था। इसी दौरान उनकी मौत हो गई। मृतका के परिजनों ने अस्पताल के चिकित्सकों पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि चिकित्सकीय स्तर पर हुई कथित लापरवाही के कारण महिला की जान गई। परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर करीब 55 हजार रुपये के बकाया बिल के भुगतान को लेकर शव लगभग छह घंटे तक रोके रखने का भी आरोप लगाया है। परिजनों का आरोप है कि भुगतान के बाद शव उन्हें सौंपा गया, लेकिन भुगतान की रसीद भी नहीं दी गई। इस संबंध में मृतका की बेटी ने कार्रवाई की मांग की है।‌ उधर,

 

 

घटना की जानकारी मिलने पर कुछ पत्रकार अस्पताल पहुंचे और मामले की जानकारी लेने का प्रयास किया। इस दौरान अस्पताल संचालक डॉ. राशिद परवेज ने पत्रकारों के साथ भी दुर्व्यवहार किया। घटना के बाद मृतका की बेटी महविश कुरैशी और कुछ पत्रकारों ने अर्दली बाजार पुलिस चौकी पहुंच कर शिकायत भी की थी, शिकायत के बावजूद अब तक अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई।

मेडिकल बोर्ड की जांच पर टिकी निगाहें.             सीएमओ कार्यालय पहुंची महविश कुरैशी और अन्य पत्रकारों ने पूरे घटनाक्रम से मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एनके सिंह को अवगत कराया। शिकायती पत्र में इलाज में लापरवाही, अस्पताल में बकाया भुगतान को लेकर शव रोके जाने तथा अन्य आरोपों की निष्पक्ष जांच की मांग की गई। मुख्य चिकित्साधिकारी ने स्पष्ट किया कि इलाज में लापरवाही के आरोपों की जांच मेडिकल बोर्ड के माध्यम से कराई जाएगी। साथ ही शव रोके जाने के आरोप की भी जांच कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि जांच में आरोप सही पाए जाने पर अस्पताल और संबंधित चिकित्सक के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

 

लेखक के बारे में

खबरें और भी हैं...

लाइव क्रिकट स्कोर

मौसम अपडेट

राशिफल

0
Would love your thoughts, please comment.x
()
x