वाराणसी शहर के थोक दवा व्यापारियों ने मेयर अशोक कुमार तिवारी से मुलाकात करके दवा कारोबार के लिए एक नई विस्तृत और सुव्यवस्थित जगह उपलब्ध कराने की मांग रखी। व्यापारियों ने जोर देकर कहा कि मौजूदा बाजार अब उनकी जरूरतों के लिए पर्याप्त नहीं है।फेडरेशन अध्यक्ष संदीप चतुर्वेदी और एसोसिएशन जिलाध्यक्ष मनोज खन्ना के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने मेयर को बताया कि वर्तमान थोक दवा मंडी सप्तसागर, बुलानाला और नेहरू मार्केट जैसी अत्यंत संकरी गलियों में स्थित है। इन इलाकों में लगातार बढ़ती भीड़ और यातायात जाम के कारण व्यापार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।व्यापारियों ने चिंता जताई कि इन तंग गलियों के कारण जीवनरक्षक दवाओं के परिवहन और आपूर्ति में बाधा उत्पन्न होती है जिससे समय पर दवाओं की डिलीवरी सुनिश्चित करना मुश्किल हो रहा है। उनका कहना था कि इससे पूरी स्वास्थ्य सेवा आपूर्ति श्रृंखला प्रभावित होती है।इस समस्या के समाधान के लिए व्यापारियों ने मेयर से मांग की कि शहर में दवा कारोबारियों के लिए एक नई जगह पर कम से कम 500 दुकानें बनाई जाएं। उन्होंने सुझाव दिया कि प्रत्येक दुकान का आकार लगभग 150 वर्गफुट होना चाहिए ताकि सभी व्यापारियों को पर्याप्त जगह मिल सके और उनका कारोबार सुचारू रूप से चल सके।मेयर से इस मुद्दे पर त्वरित कार्रवाई की उम्मीद जताई जा रही है। व्यापारियों का मानना है कि एक व्यवस्थित और उचित ढांचागत सुविधाओं वाली नई मंडी से न केवल उनका व्यापार सुगम होगा बल्कि शहरवासियों को भी बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल पाए, रविशंकर राय की रिपोर्ट वाराणसी