दिव्य प्रकाश गुप्ता की रिपोर्ट वाराणसी*नागरिकों का फीडबैक स्वच्छता सर्वेक्षण का गेम चेंजर*
*-नगर विकास मंत्री ने की नगर निगमों के महापौरों, निकाय अध्यक्षों व अधिकारियों के साथ वर्चुअल मीटिंग
*-महापौर और अधिकारियों के साथ वर्चुअल संवाद कर नगर विकास मंत्री ने दिए जरूरी निर्देश*
*-नगर आयुक्त ने की शहर को रखें साफ की अपील, कूड़ा गाड़ियों को ही दें गीला और सूखा कचरा*
वाराणसी : देशभर में चल रहे स्वच्छता सर्वेक्षण के बीच वाराणसी को स्वच्छता के शिखर पर पहुंचाने के लिए शुक्रवार को नगर विकास मंत्री एके शर्मा ने प्रदेश के सभी नगर निगमों के महापौरों, निकाय अध्यक्षों और अधिशासी अधिकारियों के साथ वर्चुअल बैठक की। वाराणसी नगर निगम के सभागार में आयोजित इस संवाद सत्र में मंत्री ने स्पष्ट किया कि प्रदेश के शहरों को सुंदर और स्वच्छ बनाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
वर्चुअल संवाद के दौरान मंत्री ने कहा कि स्वच्छता सर्वेक्षण में नागरिकों का फीडबैक सबसे महत्वपूर्ण कड़ी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि अधिक से अधिक लोगों को इस प्रक्रिया से जोड़ा जाए ताकि वे अपनी भागीदारी सुनिश्चित कर सकें। उन्होंने जोर दिया कि स्वच्छता केवल सरकारी अभियान नहीं, बल्कि जन-आंदोलन बनना चाहिए।
वर्चुअल संवाद के बाद महापौर अशोक कुमार तिवारी ने पार्षदों के संग संवाद किया। उन्होंने कहा कि इस बार काशी को स्वच्छता रैंकिंग में शीर्ष पांच में स्थान दिलाना हम सबकी सामूहिक जिम्मेदारी है। इस क्रम नगर निगम की टीमें दिन-रात सफाई व्यवस्था को सुदृढ़ करने में जुटी हैं। उन्होंने शहरवासियों से अपील की गई कि वे सकारात्मक फीडबैक देकर अपनी नागरिक जिम्मेदारी निभाएं।
*गीला और सूखा कचरा अलग करना अनिवार्य*
नगर इस मौके पर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने स्वच्छता के बुनियादी नियमों पर जोर देते हुए शहरवासियों से विशेष अपील की। उन्होंने कहा कि घरों से निकलने वाले कूड़े को गीला और सूखा के रूप में अलग-अलग करके ही कूड़ा गाड़ियों को दें। शहर की स्वच्छता बनाए रखने के लिए यह प्राथमिक कदम है।
जागरूकता अभियान में तेजी लाने के निर्देश इसी क्रम में अपर नगर आयुक्त सविता यादव ने कहा कि स्वच्छता केवल एक वार्षिक सर्वेक्षण नहीं, बल्कि हमारे व्यवहार का हिस्सा होनी चाहिए। वार्ड स्तर पर सफाई मित्रों को सक्रिय किया गया है और जन-जागरूकता के लिए विशेष अभियान चलाए जा रहे हैं। नागरिकों को यह समझना होगा कि उनके द्वारा दिया गया एक फीडबैक काशी के मान को राष्ट्रीय पटल पर बढ़ा सकता है।
,”स्वच्छता सर्वेक्षण में काशी का प्रदर्शन सुधारना हमारा संकल्प है। नगर निगम इसके लिए निरंतर कार्य कर रहा है, लेकिन जनता का सहयोग और उनका फीडबैक ही हमें शीर्ष पर पहुंचाएगा।