सलीम मंसूरी की रिपोर्ट
जमानियां। बारिश के मौसम में भारी मांग को देखते हुए। प्लास्टिक तिरपाल की दुकान लगनी शुरू हुई। यह एक बहुत ही शानदार और मुनाफे वाला विचार है। इसे व्यवस्थित करने और ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए दुकान की रूपरेखा तैयारी के साथ लगनी शुरू हो गई। तहसील मुख्यालय स्थित विकास खंड के सामने दुकानदार अपनी रोजी रोटी के लिए दुकान ऐसी जगह लगाए हुए है। जहां किसानों और आम जनता का आना-जाना ज़्यादा हो रहा है। बरसात से बचने के लिए दुकानदार तिरपाल लगाकर अलग-अलग साइज़ के तिरपाल लगाकर बेच रहे एवं प्रदर्शित कर रहे है। ताकि ग्राहकों को दूर से ही वाटरप्रूफ होने का प्रमाण मिल जाए।दुकानदार शाहिद जमाल, जाहिद मंसूरी, बेलाल मंसूरी, जमाल मंसूरी, कमाल मंसूरी ने बताया कि बरसात की मौसम को देखते हुए। तिरपाल के प्रकार और स्टॉकमानसून में अलग-अलग कामों के लिए अलग तिरपाल बेची जा रही है। तिरपाल से खेत की उपज, निर्माण सामग्री, और वाहनों को ढकने के लिए सबसे मजबूत और वाटरप्रूफ बताया। तिरपाल हल्के, टिकाऊ और 100% वाटरप्रूफ होते हैं। जो घरेलू और व्यावसायिक उपयोग के लिए बेहतरीन साबित हो रही हैं। उन्होंने बताया कि पारदर्शी प्लास्टिक बारिश से बचने और रोशनी बनाए रखने के लिए दुकानों के आगे लगाने के लिए बहुत ही उपयोगी साबित हो रही है। तिरपाल के साथ-साथ ग्राहक यह भी देख रहे है। की कसकर बांधने के लिए मजबूत नायलॉन की रस्सियाँ।तिरपाल को सुरक्षित करने के लिए धातु के छल्ले और लगाने वाली मशीन ग्राहकों को आकर्षित कर रही है। शाहिद जमाल और बेलाल ने बताया कि नज़दीकी ज़िले के थोक बाज़ार से माल लाएं जाते है। ताकि ग्राहकों को प्रति किलो या प्रति वर्ग फुट के हिसाब से सही और प्रतिस्पर्धी कीमत दे सकें। वाटरप्रूफ, मज़बूत और धूप-बरसात से बचाने वाले तिरपाल उचित मूल्य पर उपलब्ध हैं। दुकानदार शाहिद जमाल और दुकानदार बेलाल ने बताया जैसी तिरपाल वैसे मूल्य है। जरूरत के मुताबिक कम से कम और अधिक मूल्य वाली तिरपाल प्लास्टिक बिक रही है।