सलीम मंसूरी की रिपोर्ट जमानिया
जमानियां। भारतीय जनता पार्टी के मंडल अध्यक्ष तारकेश्वर वर्मा द्वारा बृजेश पाठक उप मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपकर कस्बा बाजार स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में प्रोन्नत करने का अर्थ है। स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार और उन्नयन, जिसमें अधिक आबादी को कवर करना, विशेषज्ञ सेवाएं जोड़ना, बेहतर बुनियादी ढांचा बनाना और टेलीमेडिसिन जैसी तकनीक का उपयोग करना शामिल है। जिससे यह सुनिश्चित हो सके कि मरीजों को सामान्य देखभाल से लेकर रेफरल तक, गुणवत्तापूर्ण और व्यापक स्वास्थ्य सेवाएं स्थानीय स्तर पर ही मिल सकें। जैसा कि भारत के स्वास्थ्य मिशनों में ‘आयुष्मान आरोग्य मंदिर (HWC) के तहत किया जा रहा है। ताकि ग्रामीण और कस्बा बाजार के दोनों क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच बढ़े और स्वास्थ्य परिणाम सुधरें। प्रमोशन का मतलब और आवश्यकता महसूस हो रही है। आबादी के हिसाब से अपग्रेडेशन: PHC, जो 30,000 से 45,000 लोगों को कवर करता है। पीएचसी को CHC में बदलने का मतलब है कि यह कस्बा बाजार से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों की आबादी एक लाख आबादी को कवर करेगा। और अधिक रेफरल सेंटर के रूप में कार्य करेगा। बताया जाता है। कि
व्यापक सेवाओं की उपलब्धता: PHC से CHC बनने पर सामान्य देखभाल के साथ-साथ स्त्री रोग, बाल रोग, सर्जरी, आंतरिक चिकित्सा और दंत चिकित्सा जैसी विशेषज्ञ सेवाएं उपलब्ध होती हैं। जिससे मरीजों को बड़े अस्पतालों तक जाने की जरूरत कम होता है। और
बुनियादी ढांचे का विकास जैसे बेहतर इमारतें डायग्नोस्टिक लैब, दवाएं और उपकरण शामिल होते हैं। जिससे गुणवत्तापूर्ण सेवा प्रदान की जा सके। मुख्य लाभ (PHC से CHC उन्नयन के) बेहतर रोगी देखभाल बीमारियों (डायबिटीज, हाइपरटेंशन) के मरीजों की संख्या में वृद्धि होती है। जिससे जल्दी पता चलता है। और बेहतर इलाज मिलता है। इसके साथ ही सीएचसी बनाए जाने पर
मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य संस्थागत प्रसव में वृद्धि होती है। जो मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण है। इस संबंध में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्सक डॉ रुद्रकांत सिंह ने बताया कि मुझसे जो भी रिपोर्ट मांगी जाएगी। उसको लिखित दिया जाएगा।