वरिष्ठ पत्रकार राजेंद्र गुप्ता की रिपोर्ट वाराणसी — बनारस रेल इंजन कारखाना एवं वाराणसी नगर निगम ने ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम- 2026 के अनुरूप बरेका टाउनशिप में वैज्ञानिक एवं पर्यावरण- अनुकूल ठोस अपशिष्ट प्रबंधन लागू करने के लिए दो महत्वपूर्ण सेवा समझौता पर हस्ताक्षर किए। महाप्रबंधक आशुतोष पन्त एवं नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल की गरिमामयी उपस्थिति में बरेका की ओर से उप मुख्य इंजीनियर साकेत कुमार तथा वाराणसी नगर निगम की ओर से अपर नगर आयुक्त दुर्गेश मिश्रा ने सेवा समझौता प्रपत्रों का आदान प्रदान किया। प्रथम समझौते के अंतर्गत वाराणसी नगर निगम बरेका के डंप साइट पर वर्षों से संचित लिगेसी वेस्ट का बायो रेमेडिएशन, वैज्ञानिक प्रसंस्करण एवं सुरक्षित निस्तारण करेगा। द्वितीय समझौते जिसकी अवधि एक वर्ष है, के अंतर्गत बरेका टाउनशिप से प्रतिदिन उत्पन्न होने वाले नगर पालिका ठोस अपशिष्ट का संग्रहण, परिवहन एवं वैज्ञानिक प्रसंस्करण किया जाएगा। जबकि वाराणसी नगर निगम निर्धारित मासिक सेवा शुल्क पर उसके परिवहन एवं प्रसंस्करण का कार्य करेगा। यह पहला जीरो लैंडफिल लक्ष्य की प्राप्ति, पर्यावरणीय मानकों के अनुपालन तथा स्वच्छ,हरित एवं सतत वाराणसी की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। दोनों संस्थानों ने पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपने प्रतिबद्धता दोहराते हुए भविष्य में भी सतत अपशिष्ट प्रबंधन के क्षेत्र में संयुक्त रूप से कार्य करते रहने का संकल्प व्यक्त किया। इस अवसर पर प्रमुख मुख्य विद्युत इंजीनियर मनीष कुमार, प्रमुख मुख्य यांत्रिक इंजीनियर विवेक शील, प्रधान वित्त सलाहकार मुकेश मित्तल, प्रमुख मुख्य इंजीनियर शैलेंद्र कुमार सिंह, उप महा प्रबंधक सागर कुमार सहित बरेका एवं वाराणसी नगर निगम के वरिष्ठ अधिकारी गण उपस्थित रहे।