सलीम मंसूरी की रिपोर्ट
जमानियां। अमन शांति एकता कमेटी के सरपरस्त नेसार अहमद खान वारसी की अध्यक्षता में उनके आरा मशीन पर सोमवार को एक शोक सभा आयोजित की गई। जिसमें अमरीका-इजरायल के संयुक्त हमलों में ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई की भी मौत होने की सूचना मिलने से इंसाफ पसंद लोगों ने गहरा दुःख व्यक्त करते हुए। शोकसभा में दो मिनट का मौन धारण कर मृतक आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना (दुआ) की गई। अमन शांति एकता कमेटी के सरपरस्त नेसार अहमद खान वारसी ने कहा कि अमरीका इजराइल के संयुक्त हमलों में ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई की भी मौत हो गई है। लेकिन यह मौत दलाल गद्दारों की मिलीभगत से हुई है। उन्होंने कहा कि पूरी मुस्लिम जगत में एक मात्र इंसाफ पसंद शांति के दूत के रूप में जाने जाते रहे है। खान ने कहा कि गलत चीजों का कत्तई बर्दाश्त नहीं किया। उसका हमेशा खिलाफ करते रहे। देश के ऐसे रहनुमाई करने वालों को अमन शांति एकता कमेटी हमेशा प्रशंसक रही है। उन्होंने कहा कि अभी भी यकीन नहीं हो रहा है। की ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई अपने समर्थकों के बीच नहीं है। जब कि ईरान के पूर्व राष्ट्रपति महमूद अहमदीतेजाद ने किसी न्यूज में कहा कि खबर अफवाह है। हवाई हमलों में अहमदीनेजाद के साथ उनके करीबी सलाहकार और आईआरजीसी से जुड़े सुरक्षाकर्मी भी मारे गए। हालांकि, ईरान ने इसे झूठ बताया है।
ईरान के पूर्व राष्ट्रपति महमूद अहमदीनेजाद। अहमदी नेजाद के मारे जाने की खबरों में कोई सच्चाई नहीं है। और इस तरह की सूचनाएं महज अफवाह हैं।आयोजित शोकसभा में शकील शाह, जियाउद्दीन, असगर कुरैशी, नेहाल खान, माहिर कमाल अंसारी, खालिद अंसारी, असलम पान वाले, निगार खान वारसी, वकील, इस्माइल आदि सहित काफी संख्या में मुस्लिम बंधु शामिल रहे।