सोच कर देखिए एक सड़क से उठी सड़क छाप लड़की को चांस देना, और बाद में उसका convert हो जाना, और मात्र 6 महिने के प्यार में शादी कर लेना, और जब सब विरोध करने लगे तो ये बोलना की उसने मुझे 10 बार टच किया, आखिरी हथियार पहले आरोप लगा दो फिर रो दो सबके सामने, क्या सच में ये इसके लायक है??
बाबा का ढाबा, रानु मंडल, और ये सच में ये सड़क पर हीं अच्छे हैं, आप उनका भाग्य बदलने की कोशिश कर सकते हैं आचरण विचार व्यव्हार और संस्कार नही।👍
ये लड़की इतना घटिया है की ढंग से बोलने का भी सलीका नहीं है, मां बाप सबको अनाप-शनाप बक रही है, सनोज मिश्रा ने टच किया है ये बात इसे धर्म से बाहर शादी करने का बाद पता चली।
इसे सुंदर-सुंदर लड़कियां तो हमारे आस पास पड़ी है पता नहीं इस सड़क छाप कलुई में लोगों को क्या दिखा था, न बोलने की तमीज न रत्ती भर बुद्धि न हीं टायलेंट है, न एक्टिंग, एक दिन ये रोएगी और बहुत रोएगी, अपने औकात दिखा दी जहां से उठ कर आई थी।