रिपोर्ट वरिष्ठ पत्रकार राजेंद्र गुप्ता
वाराणसी — एडिशनल चीफ जुडिशल मजिस्ट्रेट उत्तर रेलवे कोर्ट अभिनव जैन की अदालत द्वारा सरकार बनाम सूरज वर्मा के मुकदमे में सूरज वर्मा को धारा 03 के तहत उसके द्वारा किये गये अपराध को दोषसिद्ध मानते हुए एक माह 15 दिन का कारावास और 7000/ बतौर जुर्माना से दण्डित किया गया।अर्थ दण्ड ना अदा करने पर 15 दिन का अतिरिक्त कारावास भुगतने का आदेश पारित किया गया। बचाव पक्ष के अधिवक्ता द्वारा पक्ष रखा गया कि अभियुक्त अत्यंत गरीब है। उसके घर में उसकी बुजुर्ग माता के अलावा कोई नहीं है। वह मेहनत मजदूरी करके अपना जीवन यापन करता है। अभियुक्त मुकदमा लड़ने में असमर्थ है।वह मुकदमा लड़ना नहीं चाहता। उसे कम से कम दंड से दंडित करते हुए उसके साथ रियायत बरती जाने हेतु गुजारिश किया गया।जिस पर अदालत द्वारा अभियुक्त सूरज को दोषसिद्ध मानते हुए 45 दिनों की साधारण कारावास व 7000/ बतौर जुर्माना के साथ दण्डित किया गया साथ ही जुर्माना ना जमा कर सकने की स्थिति में 15 दिनों का और भी बढ़ाने का आदेश पारित किया गया।