जमानियां। स्थानीय रामलीला मैदान में भाकपा माले के सैकड़ों कार्यकर्ता ने राम लीला चबूतरे म धरना दी। इस दौरान कामरेड ईश्वरी प्रसाद कुशवाहा ने अपने संबोधन में कहा कि चोरों और अपराधियों के इशारे पर कोतवाली पुलिस काम कर रही है। उन्होंने कहा कि यदि पुलिस और तहसील प्रशासन के रवैए में बदलाव नहीं हुआ। तो 21जनवरी को तहसीलऔर थाने का घेराव किया जाएगा। उक्त ऐलान रामलीला मंच जमानियां पर विगत एक सप्ताह से चल रहे। धरने के मंच से माध्यम से भाकपा-माले नेताओं ने किया। सभा की शुरुआत में भाकपा-माले के पूर्व महासचिव कॉमरेड विनोद मिश्र को उनकी 27वीं बरसी पर याद करते हुए। उन्होंने श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस अवसर पर आयोजित सभा को सम्बोधित करते हुए भाकपा-माले केन्द्रीय कमेटी सदस्य ईश्वरी प्रसाद कुशवाहा ने कहा कि नामजद तहरीर के दस दिन बाद भी चोरी की एफआईआर दर्ज न होना दिखाता है कि जमानियां पुलिस अपराधियों व चोरों के इशारे पर थिरक रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी कानून के शासन की झूठी लफ्फाजी करते हैं। असलियत यह है। कि बंजर ग्राम समाज से लेकर आम रास्ते तक पर दबंगों ने कब्जा कर रखा है। और बाबा जी का बुल्डोजर दलितों, पिछड़ों और मुसहरों पर चल रहा है। भाकपा-माले जिला सचिव ओमप्रकाश सिंह ने कहा कि मोदी योगी सरकार ने मजदूरों, ग्रामीण गरीबों और आम नागरिकों के हर अधिकारों पर हमला बोल दिया है। श्रम संहिताओं को लागू कर, मनरेगा को खत्म कर और एक एसआईआर के जरिए आम गरीबों का मताधिकार छीनने की कोशिश कर उसने अपने खतरनाक इरादे जाहिर कर दिए हैं। हमें इन साजिशों के विरुद्ध सड़कों पर संघर्ष में उतरने के लिए जरूरत पड़ गई है। इस दौरान उपजिलाधिकारी ज्योति चौरसिया एवं कोतवाली प्रभारी निरीक्षक राम सजन नागर से वार्ता के बाद 12 दिसम्बर को प्रेषित ज्ञापन में वर्णित मांगों के शीघ्र समाधान के आश्वासन के बाद धरना समाप्त किया गया। धरने को ईश्वरी प्रसाद कुशवाहा, ओमप्रकाश सिंह, विजयी वनवासी, अमरनाथ मौर्य, श्यामप्यारी सहित आदि रहे। धरना में बुच्चीलाल, रुदल, भोला कुशवाहा, पांचरतन कुशवाहा, अखिलेश, कपिल मुनि, जगदीश, ऊषा रामू राम, योद्धा सहित तमाम लोगों ने अपने विचार व्यक्त किए। सलीम मंसूरी की रिपोर्ट जमानिया