आभार: प्रशासनिक व्यवस्था पर उठा सवाल
पूर्णिया (इंद्र यादव) बिहार के पूर्णिया जिले से रूह कंपा देने वाली एक वारदात सामने आई है। यहाँ पुलिस ने एक ऐसे ‘साइको’ अपराधी को दबोचा है, जिसकी करतूतें सुनकर किसी के भी रोंगटे खड़े हो जाएं। यह अपराधी न केवल एक नाबालिग लड़की को हवस का शिकार बना रहा था, बल्कि दरिंदगी की सारी हदें पार करते हुए उसे कोड़ों से पीटता भी था।
पुलिस की छापेमारी में जो खुलासे हुए हैं, उसने खाकी को भी सन्न कर दिया है। आरोपी के घर से हथियारों का जखीरा और भारी मात्रा में सोना बरामद हुआ है।
हैवानियत की सारी हदें पार: नाबालिग को बनाया था ‘गुलाम’
गिरफ्तार आरोपी ने एक नाबालिग लड़की को अपने घर में कैद कर रखा था। वह लड़की के साथ लगातार दुष्कर्म करता था। लेकिन उसकी सनक यहीं खत्म नहीं होती थी; वारदात को अंजाम देने के बाद वह पीड़िता पर कोड़े बरसाता था। लड़की के शरीर पर मिले चोट के निशान उसकी क्रूरता की गवाही दे रहे हैं। पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए पीड़िता को इस नर्क से सुरक्षित बाहर निकाल लिया है।
अपराधी के घर में मिला ‘पाप का खजाना’
पुलिस जब छापेमारी करने पहुँची, तो उसे अंदाजा नहीं था कि यहाँ केवल एक ‘रेपिस्ट’ नहीं, बल्कि एक शातिर अपराधी छिपा है। तलाशी के दौरान पुलिस को निम्नलिखित चीजें मिलीं.
हथियारों का जखीरा: भारी मात्रा में अवैध हथियार और कारतूस।
अकूत संपत्ति: घर के भीतर से बड़ी मात्रा में सोना बरामद किया गया है।
यातना के उपकरण: पीड़िता को प्रताड़ित करने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले सामान।
आरोपी का व्यवहार किसी विक्षिप्त अपराधी जैसा है। वह न केवल दुष्कर्म करता था बल्कि शारीरिक यातना देने में उसे आनंद आता था। बरामद सोना और हथियारों के स्रोत की सघन जांच की जा रही है।पुलिस आधिकारिक बयान
पुलिस की कार्रवाई और आगामी जांच
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया है। उस पर पॉक्सो एक्ट (POCSO) समेत अपहरण, अवैध हथियार रखने और अन्य गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया गया है।
मेडिकल जांच: पीड़िता को तुरंत अस्पताल भेजकर उसकी मेडिकल जांच कराई गई है और उसे काउंसिलिंग दी जा रही है।
नेटवर्क की तलाश: पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि इतने हथियार और सोना कहाँ से आए! क्या यह किसी बड़े अंतरराज्यीय गिरोह का हिस्सा है!
सुरक्षा घेरा: इलाके में तनाव और आक्रोश को देखते हुए पुलिस मुस्तैद है।
इलाके में भारी आक्रोश
इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों में जबरदस्त गुस्सा है। ग्रामीणों का कहना है कि आरोपी समाज के बीच एक ‘साइको’ की तरह रह रहा था और किसी को कानों-कान खबर नहीं हुई। लोगों ने मांग की है कि ऐसे दरिंदे को स्पीडी ट्रायल के जरिए जल्द से जल्द फांसी की सजा दी जाए।
यह घटना हमारे समाज के लिए एक चेतावनी है। अपने आस-पास संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखें और समय रहते पुलिस को सूचना दें, ताकि किसी और मासूम की जिंदगी बर्बाद होने से बचाई जा सके।