32% आरक्षण सहित विभिन्न संवैधानिक मुद्दों को लेकर हम 10 दिसंबर 2011 को राजाराव पठार छत्तीसगढ़ में लगभग एक लाख 100000 सामाजिक जनों की उपस्थिति में शहीद वीर नारायण सिंह को श्रद्धांजलि अर्पित किए थे..जिनके बदौलत हमें 32% आरक्षण मिल रहा है और आज हमारे समाज के युवा डिप्टी कलेक्टर, डीएसपी जैसे पदों में चुनकर आ रहे हैं..आज विभिन्न संवैधानिक मुद्दों की चर्चा के लिए 9 दिसंबर को होने वाले आदिवासी महापंचायत पंपलेट से गायब हो गया है। कार्यक्रम में नेताओं के भाषण, नाच– गाना तक ही सीमित हो गया है ऐसा लगता है …क्रांति की भूमि राजाराव पठार से संवैधानिक हितों के लिए जो संदेश समाज को जाना चाहिए वह नहीं जा पा रहा है. अरविंद प्रसाद की रिपोर्ट
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